नौतपा का असर शुरू, डॉक्टर बोले- धूप और डिहाइड्रेशन से बचें

आज यानी 25 मई से नौतपा शुरू हो गया है। मौसम विभाग के मुताबिक देश के 50 से ज्यादा शहर इस समय दुनिया के सबसे गर्म शहरों में शामिल हैं। अनुमान है कि अगले 9 दिनों में गर्मी और बढ़ सकती है। ऐसे में शरीर पर हार्ट, ब्रेन, किडनी और अन्य अंगों पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है।
डॉक्टरों के अनुसार नौतपा के दौरान तापमान 40 से 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। तेज गर्मी के कारण शरीर का तापमान नियंत्रित करने वाला सिस्टम प्रभावित होने लगता है। इससे डिहाइड्रेशन, हीट स्ट्रोक, लो बीपी, चक्कर और बेहोशी जैसी समस्याओं का खतरा बढ़ जाता है।
इंटरनल मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. नरेंद्र कुमार सिंगला के अनुसार नौतपा में डेली रूटीन और खानपान में बदलाव जरूरी है। दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच धूप में निकलने से बचना चाहिए। बाहर जाना जरूरी हो तो छाता, टोपी या गमछे का इस्तेमाल करें। हल्के रंग के सूती कपड़े पहनें और शरीर को लगातार हाइड्रेट रखें।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस दौरान हर 20 से 30 मिनट में थोड़ा-थोड़ा पानी पीना चाहिए। धूप में रहने पर पानी पीने का अंतर 15 से 20 मिनट रखना बेहतर है। साथ ही ORS, नींबू पानी और नमक-शक्कर का घोल फायदेमंद रहता है। खाने में हल्का और आसानी से पचने वाला भोजन लेना चाहिए। तरबूज, खीरा और अधिक पानी वाले फल शरीर को ठंडक देते हैं।
डॉक्टरों ने बुजुर्गों, बच्चों, गर्भवती महिलाओं और हार्ट, किडनी या डायबिटीज के मरीजों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। लापरवाही बरतने पर हीट एग्जॉशन, हीट स्ट्रोक, डिहाइड्रेशन और इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन जैसी गंभीर समस्याएं हो सकती हैं।
अगर किसी को लू लग जाए तो उसे तुरंत ठंडी जगह पर लिटाएं, कपड़े ढीले करें और सिर, गर्दन व बगल पर ठंडे पानी की पट्टी रखें। मरीज होश में हो तो उसे ORS या नींबू पानी दें, जबकि बेहोशी की स्थिति में तुरंत डॉक्टर के पास ले जाना चाहिए।





