मोटापा और डायबिटीज वाले मरीजों के लिए सर्दियां ज्यादा जोखिमभरी, बढ़ सकता है फैटी लिवर

फैटी लिवर एक ऐसी स्थिति है जिसमें लिवर की कोशिकाओं में अतिरिक्त फैट जमा हो जाता है। यह समस्या अनियमित जीवनशैली, खराब खान-पान और बढ़ते वजन से जुड़ी होती है। डॉक्टरों का कहना है कि सर्दियों में फैटी लिवर के मामले बढ़ जाते हैं और इसके लक्षण भी ज्यादा दिखने लगते हैं। इसका कारण ठंड में हमारी दिनचर्या और खाने की आदतों में आने वाला बदलाव है।

अगर समय रहते सावधानी न बरती जाए, तो फैटी लिवर सूजन का कारण बन सकता है और आगे चलकर सिरोसिस जैसी गंभीर बीमारी का रूप भी ले सकता है।

सर्दियों में फैटी लिवर बढ़ने की वजहें

1. ज्यादा कैलोरी और मीठा खाना

सर्दियों में लोग तला-भुना, मीठा और ज्यादा कैलोरी वाला खाना ज्यादा खाते हैं। ये चीजें सीधे लिवर में फैट बढ़ाती हैं।

2. शारीरिक गतिविधि कम होना

ठंड के कारण लोग बाहर निकलना कम कर देते हैं। कम गतिविधि और ज्यादा कैलोरी का सेवन वजन बढ़ाता है, जो फैटी लिवर का बड़ा कारण है।

3. शराब का बढ़ा सेवन

सर्दियों में पार्टियों और समारोह में शराब का सेवन बढ़ जाता है। शराब लिवर की कोशिकाओं को नुकसान पहुंचाती है और फैट जमा होने का खतरा बढ़ाती है।

कैसे रखें लिवर को सुरक्षित? आसान उपाय

  • रोजाना कम से कम 30 मिनट व्यायाम करें—योग, तेज चलना, स्किपिंग आदि कर सकते हैं।
  • भोजन में हरी सब्जियां, फल, दालें और लीन प्रोटीन शामिल करें।
  • कोल्ड ड्रिंक, पैकेट वाले जूस और ज्यादा चीनी से दूर रहें।
  • दिनभर गुनगुना पानी पिएं ताकि लिवर डिटॉक्स होता रहे।

Related Articles

Back to top button