MS Dhoni IPL 2027: धोनी के खेलने पर आया बड़ा अपडेट, पूर्व CSK बल्लेबाज ने किया खुलासा

महेंद्र सिंह धोनी के आईपीएल भविष्य को लेकर एक बार फिर चर्चा तेज हो गई है। चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के पूर्व बल्लेबाज सुब्रमण्यम बद्रीनाथ ने दावा किया है कि धोनी ने उनसे व्यक्तिगत बातचीत में साफ कहा है कि वह आईपीएल में इम्पैक्ट प्लेयर के तौर पर नहीं खेलेंगे। बद्रीनाथ के मुताबिक, अगर धोनी आईपीएल में आगे खेलना जारी रखते हैं तो वह पूर्णकालिक विकेटकीपर की भूमिका में रहना चाहते हैं।
धोनी के आईपीएल भविष्य पर फिर उठे सवाल
धोनी के अगले सीजन में खेलने को लेकर लंबे समय से अटकलें चल रही हैं। 2026 के आईपीएल सीजन में वह एक भी मुकाबला नहीं खेल सके थे। ऐसे में अब सवाल है कि क्या वह 2027 में सीएसके के लिए मैदान पर वापसी करेंगे।
इम्पैक्ट प्लेयर नियम धोनी को कम समय मैदान पर रहकर अपनी बल्लेबाजी और अनुभव का इस्तेमाल करने का विकल्प दे सकता था। हालांकि, बद्रीनाथ के अनुसार धोनी इस भूमिका को स्वीकार नहीं करना चाहते और अगर खेलेंगे तो नियमित विकेटकीपर के तौर पर खेलना पसंद करेंगे।
बद्रीनाथ ने धोनी को लेकर क्या कहा?
बद्रीनाथ ने अपने यूट्यूब चैनल पर बताया कि धोनी ने उनसे कहा है कि वह इम्पैक्ट प्लेयर के रूप में नहीं खेलेंगे। वह खुद को एक फुल-टाइम विकेटकीपर के तौर पर देखते हैं, जिसका मतलब है कि उन्हें पूरे 20 ओवर मैदान पर रहना होगा।
बद्रीनाथ का मानना है कि मौजूदा परिस्थितियों में इम्पैक्ट प्लेयर की भूमिका धोनी के लिए व्यावहारिक हो सकती है। इससे उनका शारीरिक कार्यभार कम हो सकता है और सीएसके उनके अनुभव तथा फिनिशिंग क्षमता का इस्तेमाल भी कर सकती है।
बद्रीनाथ के मुताबिक धोनी के लिए क्या चुनौती है?
बद्रीनाथ ने धोनी की फिटनेस और लंबे समय तक मैदान पर रहने की क्षमता को लेकर भी बात की। उनके अनुसार, धोनी को अगर पूरे 20 ओवर विकेटकीपिंग करनी है तो यह शारीरिक रूप से चुनौतीपूर्ण हो सकता है।
उन्होंने यह भी कहा कि धोनी आमतौर पर पारी के आखिरी हिस्से में बल्लेबाजी करते हैं। ऐसे में बद्रीनाथ के नजरिए से इम्पैक्ट प्लेयर नियम उनके लिए उपयोगी हो सकता था। हालांकि, धोनी की प्राथमिकता पूर्णकालिक विकेटकीपर के तौर पर मैदान पर बने रहने की है।
धोनी के फैसले से CSK की रणनीति पर असर
धोनी अगर अगले सीजन में खेलने का फैसला करते हैं तो उनका रोल सीएसके की टीम संयोजन के लिए अहम होगा। एक तरफ इम्पैक्ट प्लेयर नियम के जरिए उनके कार्यभार को सीमित किया जा सकता है, वहीं पूर्णकालिक विकेटकीपर के रूप में खेलने पर उन्हें पूरे मैच के दौरान मैदान पर रहना होगा।
बद्रीनाथ का मानना है कि धोनी का अनुभव और मैच को पढ़ने की क्षमता सीएसके के लिए अब भी महत्वपूर्ण हो सकती है। हालांकि, अंतिम फैसला धोनी की फिटनेस और उनके आईपीएल में बने रहने के निर्णय पर निर्भर करेगा।
शिवम दुबे और इम्पैक्ट प्लेयर नियम पर भी बोले बद्रीनाथ
बद्रीनाथ ने इम्पैक्ट प्लेयर नियम को लेकर सीएसके की रणनीति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि शिवम दुबे का भारत के लिए गेंदबाजी करना और सीएसके के लिए नियमित रूप से गेंदबाजी नहीं करना सिर्फ इम्पैक्ट प्लेयर नियम की वजह से नहीं है। इसके लिए उन्होंने टीम प्रबंधन द्वारा दुबे के गेंदबाजी कौशल का सही इस्तेमाल नहीं किए जाने को जिम्मेदार बताया।
उन्होंने कहा कि टीम प्रबंधन को अपनी रणनीति और खिलाड़ियों के इस्तेमाल पर ध्यान देना चाहिए, न कि हर समस्या के लिए इम्पैक्ट प्लेयर नियम को जिम्मेदार ठहराना चाहिए।
अकील हुसैन के इस्तेमाल पर भी उठाए सवाल
बद्रीनाथ ने सीएसके में अकील हुसैन के इस्तेमाल पर भी अपनी राय रखी। उनके अनुसार, अकील को प्लेइंग-11 में शामिल किया जाना चाहिए, लेकिन उन्हें इम्पैक्ट प्लेयर के विकल्प के तौर पर रखने से टीम को नुकसान हो सकता है।
उनका कहना है कि टीम को शुरुआत से ही अपने प्रमुख खिलाड़ियों को प्लेइंग-11 में शामिल करके बेहतर संतुलन के साथ उतरना चाहिए।
क्या 2027 में खेलेंगे धोनी?
फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि धोनी आईपीएल 2027 में खेलेंगे या नहीं। बद्रीनाथ के बयान से इतना जरूर संकेत मिलता है कि अगर धोनी आगे खेलते हैं तो वह इम्पैक्ट प्लेयर के तौर पर खेलने के बजाय पूर्णकालिक विकेटकीपर की भूमिका पसंद करेंगे।
हालांकि, धोनी की ओर से आईपीएल 2027 में खेलने को लेकर कोई अंतिम आधिकारिक घोषणा सामने नहीं आई है। ऐसे में उनके अगले सीजन में खेलने का फैसला अभी भी स्पष्ट नहीं है।





