बहिष्कार की अपील पड़ी फीकी, पीओके चुनाव में PML-N ने बनाई निर्णायक बढ़त

पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) विधानसभा चुनाव में पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की पार्टी पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (PML-N) ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सरकार बनाने की दिशा में मजबूत बढ़त हासिल कर ली है। चुनाव आयोग के अनुसार, अब तक दो चरणों की मतगणना में 34 में से 24 सीटों पर PML-N ने जीत दर्ज की है। ऐसे में पार्टी की करीब 10 साल बाद सत्ता में वापसी लगभग तय मानी जा रही है।
चुनाव से पहले कई सप्ताह तक विरोध प्रदर्शन हुए। प्रतिबंधित ज्वाइंट अवामी एक्शन कमेटी (JAAC) ने लोगों से मतदान का बहिष्कार करने की अपील की थी, लेकिन इसके बावजूद कई क्षेत्रों में 50 प्रतिशत से अधिक मतदान दर्ज किया गया। राजधानी मुजफ्फराबाद में मतदान 56 प्रतिशत से ज्यादा रहा।
सुरक्षा कारणों और भारी मानसूनी बारिश के चलते चुनाव तीन चरणों में कराए जा रहे हैं। पहले दो चरण पूरे हो चुके हैं, जबकि शेष 11 सीटों पर 10 अगस्त को मतदान होगा।
जीत के बाद नवाज शरीफ ने विजयी उम्मीदवारों को बधाई देते हुए इसे लोकतांत्रिक प्रक्रिया की जीत बताया। वहीं चुनाव प्रचार के दौरान JAAC समर्थकों और पुलिस के बीच कई जगह झड़पें भी हुईं। इसके बावजूद मतदाताओं ने बड़ी संख्या में मतदान कर लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भागीदारी दिखाई।
चुनाव के दौरान 12 आरक्षित सीटों को लेकर भी विवाद बना रहा। JAAC का आरोप है कि इन सीटों के कारण पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर के बाहर रहने वाले लोगों को जरूरत से ज्यादा राजनीतिक प्रभाव मिलता है। हालांकि क्षेत्र की सुप्रीम कोर्ट पहले ही स्पष्ट कर चुकी है कि इन सीटों को समाप्त करने के लिए संवैधानिक संशोधन आवश्यक होगा।
उधर, क्षेत्रीय सरकार का दावा है कि उसने JAAC की 38 में से 36 मांगें स्वीकार कर ली हैं। सरकार का आरोप है कि कुछ प्रदर्शनकारियों ने चुनाव प्रक्रिया बाधित करने की कोशिश की, हालांकि JAAC ने इन आरोपों पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।





