अभिमन्यु ने तोड़ा दो वकीलों का 17 साल पुराना किला, अनिल और बिट्टू की बादशाहत खत्म

तीनों जिलों में सबसे बड़ी अलवर बार एसोसिएशन के चुनाव में इस बार बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। एडवोकेट अभिमन्यु सिंह चौहान ने दो दिग्गज वकीलों का वर्षों पुराना वर्चस्व तोड़ते हुए अध्यक्ष पद पर कब्जा किया है। करीब 17 साल से बार अध्यक्ष की कुर्सी पर काबिज रहे अनिल वशिष्ठ और बिट्टू शर्मा का किला इस चुनाव में ढह गया।

अब तक बिट्टू शर्मा 8 बार और अनिल वशिष्ठ 4 बार बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रह चुके हैं। हालांकि इस बार अनिल वशिष्ठ चुनाव मैदान में नहीं उतरे, जबकि बिट्टू शर्मा को अभिमन्यु सिंह चौहान ने 112 वोटों से शिकस्त दी। इस जीत के साथ अभिमन्यु सिंह चौहान अलवर बार एसोसिएशन के नए अध्यक्ष बन गए हैं।

इतना ही नहीं, करीब 22 साल बाद पहली बार कोषाध्यक्ष का पद भी बदला है। लंबे समय से इस पद पर बने रहे एडवोकेट अजय धार इस बार कूलिंग पीरियड के नियम के कारण चुनाव नहीं लड़ सके। इसके चलते कोषाध्यक्ष की कुर्सी अनिल कुमार शर्मा को मिली। इससे पहले अजय धार का इस पद पर लगातार 2002 से कब्जा रहा था।

अलवर बार एसोसिएशन के पूर्व उपाध्यक्ष एडवोकेट विजयपाल यादव ने बताया कि वर्ष 2007-08 में महादेव प्रसाद जांगिड़ अध्यक्ष बने थे, जबकि 2019-20 में एक बार उदय सिंह अध्यक्ष रहे। इसके अलावा ज्यादातर समय अध्यक्ष पद पर बिट्टू शर्मा और अनिल वशिष्ठ ही काबिज रहे। इस बार अभिमन्यु सिंह चौहान ने दूसरे ही प्रयास में यह परंपरा तोड़ दी। पिछले साल उन्होंने पहली बार चुनाव लड़ते हुए 300 से अधिक वोट हासिल किए थे।

विजयपाल यादव ने कहा कि अभिमन्यु सिंह चौहान मिलनसार स्वभाव के हैं और इस बार वकीलों ने एकजुट होकर उनका समर्थन किया, जिसके चलते यह बड़ा बदलाव संभव हो पाया। वहीं कोषाध्यक्ष पद में बदलाव का कारण हाईकोर्ट की गाइडलाइन के तहत लागू कूलिंग पीरियड नियम रहा, जिसके चलते अजय धार चुनाव नहीं लड़ सके।

इस चुनाव को अलवर बार एसोसिएशन के इतिहास में बड़े बदलाव के रूप में देखा जा रहा है, जहां वर्षों से जमे वर्चस्व पर आखिरकार विराम लग गया।

Related Articles

Back to top button