DUSU Election 2026: ABVP के यश डबास और NSUI के विजय शंकर मीणा आमने-सामने, नतीजों का इंतजार

दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (DUSU) चुनाव 2026 के लिए शनिवार सुबह आठ बजे से मतगणना शुरू हो गई। अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव और संयुक्त सचिव समेत चार पदों के लिए कुल 20 उम्मीदवार मैदान में हैं। चुनाव में करीब 1.51 लाख छात्र मतदाता थे।
शुक्रवार को हुए मतदान में 40.46 फीसदी मतदान दर्ज किया गया। यह पिछले साल के 39.45 फीसदी मतदान की तुलना में 1.01 फीसदी अधिक है। मतदान के लिए दिल्ली विश्वविद्यालय के 52 कॉलेजों और विभागों में केंद्र बनाए गए थे।
कड़ी सुरक्षा के बीच मतगणना
मतगणना को देखते हुए दिल्ली विश्वविद्यालय परिसर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। अधिकारियों के मुताबिक, 2,000 से अधिक पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती की गई है। मतगणना केंद्र के आसपास सुरक्षा बढ़ाने के साथ प्रमुख सड़कों पर भी प्रतिबंध लगाए गए हैं।
1,000 ईवीएम का इस्तेमाल
डीयू के मुख्य चुनाव अधिकारी प्रो. राज किशोर शर्मा के अनुसार, चुनाव में कुल 1,000 ईवीएम का इस्तेमाल किया गया। इनमें 960 मशीनें मतदान के लिए लगाई गई थीं, जबकि 40 मशीनें रिजर्व रखी गई थीं। मतदान के दौरान 12 कंट्रोल रूम भी संचालित किए गए। तकनीकी खराबी से निपटने के लिए विशेषज्ञों की टीम उपलब्ध थी। अधिकारियों के मुताबिक, किसी ईवीएम में खराबी की शिकायत नहीं मिली।
छात्रों के प्रमुख मुद्दे
इस बार चुनाव में छात्रों से जुड़े कई मुद्दे प्रमुख रहे। इनमें हॉस्टल की कमी, महिला सुरक्षा, मेट्रो पास, कॉलेजों का बुनियादी ढांचा और बढ़ी हुई फीस शामिल हैं। साउथ कैंपस में सत्य निकेतन हादसा भी छात्रों के बीच चर्चा का प्रमुख विषय रहा।
विजय जुलूस पर हाईकोर्ट की रोक
दिल्ली हाईकोर्ट ने चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद उम्मीदवारों और छात्रों के विजय जुलूस निकालने पर रोक लगा दी है। अदालत ने चुनाव प्रचार के दौरान हथियार लहराने, लग्जरी कारों के काफिले और अन्य नियमों के उल्लंघन पर नाराजगी जताई। अदालत ने 140 छात्र उम्मीदवारों को नोटिस भी जारी किया है।
मतगणना के दौरान उत्तरी परिसर में यातायात भी प्रभावित रहेगा। ट्रैफिक पुलिस के अनुसार, 19 सितंबर को सुबह नौ बजे से शाम छह बजे तक यात्रियों को प्रभावित मार्गों से बचने और वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है।





