
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के अवसर पर दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने अंगदान को लेकर एक महत्वपूर्ण और संवेदनशील पहल की है। मुख्यमंत्री ने अपने शरीर के विभिन्न अंगों और ऊतकों को दान करने का संकल्प लिया है। उनके इस निर्णय के तहत मरणोपरांत कई जरूरतमंद मरीजों को जीवनदान मिलने की उम्मीद है।
दिल, किडनी समेत इन अंगों के दान का संकल्प
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने जिन प्रमुख अंगों और ऊतकों को दान करने की घोषणा की है, उनमें दिल, आंत, अग्नाशय, लीवर, किडनी, फेफड़े, हाथ और आंख की कॉर्निया शामिल हैं। इसके अलावा उन्होंने हड्डियों, हार्ट वाल्व, त्वचा, कार्टिलेज, लिगामेंट, टेंडन, रक्त वाहिकाओं और एमनियन जैसे महत्वपूर्ण ऊतकों के दान का भी संकल्प लिया है।
इस पहल का उद्देश्य अंगदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना और लोगों को इस मानवीय कार्य के लिए प्रेरित करना है।
अंगदान को लेकर जागरूकता बढ़ाने पर जोर
मुख्यमंत्री के इस संकल्प को अंगदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक संदेश के तौर पर देखा जा रहा है। अंग प्रत्यारोपण के लिए कई मरीज लंबे समय तक उपयुक्त अंग मिलने का इंतजार करते हैं। ऐसे में अंगदान को लेकर जागरूकता बढ़ाना महत्वपूर्ण माना जाता है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के इस कदम के जरिए समाज में अंगदान से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करने और लोगों को आगे आने के लिए प्रेरित करने का संदेश दिया गया है।
जनसेवा और परोपकार को बताया राष्ट्र सेवा का माध्यम
मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से कहा गया है कि जनसेवा और परोपकार राष्ट्र सेवा का महत्वपूर्ण माध्यम है। अंगदान का यह संकल्प इसी भावना को आगे बढ़ाने वाला कदम बताया गया है।
पीएम मोदी के जन्मदिन के अवसर पर लिए गए इस संकल्प के जरिए अंगदान के महत्व को लेकर लोगों के बीच जागरूकता फैलाने का प्रयास किया गया है। मरणोपरांत अंगदान के जरिए जरूरतमंद मरीजों को जीवन की नई उम्मीद मिल सकती है।





