NVIDIA–AMD जैसी कंपनियां नए AI चिप मॉडल पर कर रहीं अरबों डॉलर का निवेश

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की रफ्तार दुनिया बदल रही है, लेकिन इसे चलाने वाली चिप्स बनाना बेहद महंगा सौदा है। Nvidia के CEO जेनसेन हुआंग ने बताया कि एक नई AI चिप बनाने की शुरुआत में ही लगभग 5.5 अरब डॉलर (करीब 4,900 करोड़ रुपये) खर्च हो जाते हैं—वह भी पहली चिप बनने से पहले।
क्यों लगता है इतना बड़ा खर्च?
हुआंग के मुताबिक नई जेनरेशन की AI चिप आर्किटेक्चर तैयार करने के लिए—
- डिजाइन
- इंजीनियरिंग
- आर्किटेक्चर डेवलपमेंट
- टूल चेन
- सिमुलेशन
जैसे चरणों पर 5–6 अरब डॉलर तक खर्च आते हैं। इसके बाद चिप फैब्रिकेशन के लिए बनने वाले मास्क सेट पर ही करीब 500 मिलियन डॉलर की लागत आती है।
एक चिप बनाने पर कितना खर्च आता है?
इन भारी भरकम शुरुआती खर्चों को चिप की कीमत में शामिल नहीं किया जाता। उदाहरण के लिए—
- Nvidia Blackwell B200 AI चिप की कीमत: 30,000–40,000 डॉलर
इसमें सिर्फ मैन्युफैक्चरिंग, पैकेजिंग और प्रॉफिट शामिल होता है, न कि अरबों डॉलर का R&D खर्च।
कंपनियां इतनी महंगी चिप क्यों बनाती हैं?
AI चिप्स साधारण CPU और GPU से कई गुना पावरफुल होती हैं। Blackwell B200 जैसी हाई-एंड चिप—
- सैकड़ों पारंपरिक प्रोसेसर जितना काम अकेले कर सकती है
- अधिक स्पीड, मेमोरी और पावर एफिशिएंसी देती है
- बड़े AI मॉडल्स और डेटा सेंटर के लिए बेहद जरूरी है
ऐसे में AI इंडस्ट्री अरबों डॉलर के निवेश से भी पीछे नहीं हटती, क्योंकि ये चिप्स भविष्य की तकनीक का आधार बन चुकी हैं।





